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BMC elections 2026: BJP 140 सीटों पर, शिंदे शिवसेना 87 पर लड़ेगी चुनाव, मुंबई में महायुति की बड़ी तैयारी

BMC चुनाव 2025 से पहले BJP और एकनाथ शिंदे की शिवसेना के बीच सीट शेयरिंग फॉर्मूला तय हो गया है. समझौते के तहत BJP 140 और शिंदे शिवसेना 87 सीटों पर चुनाव लड़ेगी. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने महायुति की एकता दोहराते हुए गठबंधन को पूरी तरह मजबूत बताया है.

BMC elections 2026: मुंबई की राजनीति से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है. लंबे समय तक चली बैठकों, मंथन और अंदरूनी चर्चाओं के बाद आखिरकार भारतीय जनता पार्टी (BJP) और एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) चुनाव के लिए सीट शेयरिंग फॉर्मूला तय कर लिया है. इस समझौते के तहत महायुति के दोनों प्रमुख सहयोगी मुंबई की सबसे ताकतवर नगर निगम में अपनी-अपनी सीटों पर चुनाव लड़ेंगे.

सूत्रों के मुताबिक, इस सीट बंटवारे के फार्मूले के अनुसार BJP मुंबई नगर निगम की 140 सीटों पर उम्मीदवार उतारेगी, जबकि एकनाथ शिंदे की शिवसेना 87 सीटों पर चुनाव लड़ेगी. यानी कुल 227 सीटों वाली BMC में दोनों दलों ने आपसी सहमति से अपनी रणनीति तय कर ली है. यह फैसला ऐसे समय में आया है, जब पिछले कुछ दिनों से गठबंधन के भीतर असंतोष और मतभेद की खबरें लगातार सामने आ रही थीं.

15 जनवरी को होगा मतदान

BMC चुनाव के लिए मतदान 15 जनवरी को होगा. यही नहीं, महाराष्ट्र की अन्य सभी नगर निगमों के चुनाव भी इसी दिन कराए जाएंगे. इसके बाद 16 जनवरी को मतगणना होगी, जब यह साफ हो जाएगा कि मुंबई की सत्ता पर किसका कब्जा रहता है. BMC को देश की सबसे अमीर नगर निगम माना जाता है, ऐसे में यह चुनाव राजनीतिक रूप से बेहद अहम माना जा रहा है.

सीट शेयरिंग समझौते पर हुई कई दौर की बैठक

इस सीट शेयरिंग समझौते से पहले BJP और शिंदे शिवसेना के बीच कई मैराथन बैठकें हुई थीं. मीडिया में यह चर्चा थी कि दोनों दलों के बीच सीटों को लेकर खींचतान चल रही है. हालांकि, गठबंधन के नेताओं ने इन खबरों को खारिज करते हुए दावा किया था कि ज्यादातर सीटों पर सहमति बन चुकी है और कुछ सीटों पर बातचीत जारी है. अब सीट बंटवारे की तस्वीर सामने आने के बाद यह साफ हो गया है कि महायुति BMC चुनाव में एकजुट होकर मैदान में उतरेगी.

इसी बीच महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी एकनाथ शिंदे की शिवसेना के पक्ष में खुलकर समर्थन जताया है. हाल ही में उन्होंने BJP नेताओं को यह निर्देश भी दिया था कि वे शिंदे गुट के खिलाफ सार्वजनिक रूप से बयानबाजी से बचें. शुक्रवार को मीडिया से बातचीत में फडणवीस ने एक बार फिर दोहराया कि BJP और शिवसेना के बीच कोई मतभेद नहीं है.

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने क्या कहा?

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा, 'BJP और शिवसेना पूरी तरह से एकजुट हैं. सब कुछ सुचारू रूप से चल रहा है. हमें गठबंधन की औपचारिक घोषणा करने की भी जरूरत नहीं है.' उनके इस बयान को महायुति की एकता का मजबूत संदेश माना जा रहा है.

नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों में भी महायुति का दबदबा

BMC से पहले हुए नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों में भी महायुति का दबदबा देखने को मिला था. इन चुनावों में BJP, शिंदे शिवसेना और अजित पवार की NCP ने मिलकर शानदार प्रदर्शन किया. दो चरणों में हुए इन चुनावों के नतीजे महाराष्ट्र राज्य चुनाव आयोग ने जारी किए थे.

इन नतीजों के अनुसार, BJP ने सबसे ज्यादा 117 नगर परिषद अध्यक्ष पद जीते, जबकि शिवसेना (शिंदे गुट) को 53 पद मिले. अजित पवार की NCP ने 37, कांग्रेस ने 28, उद्धव ठाकरे गुट वाली शिवसेना (UBT) ने 9 और NCP (SP) ने 7 पदों पर जीत हासिल की. इसके अलावा 5 सीटें निर्दलीयों और 28 सीटें गैर-मान्यता प्राप्त पंजीकृत दलों के खाते में गईं.

इन आंकड़ों से साफ है कि महायुति का जमीनी स्तर पर मजबूत प्रभाव बना हुआ है. ऐसे में BMC चुनाव के लिए तय हुआ यह सीट शेयरिंग फॉर्मूला मुंबई की राजनीति में बड़ा बदलाव ला सकता है. अब सभी की नजरें 15 जनवरी को होने वाले मतदान और 16 जनवरी को आने वाले नतीजों पर टिकी हैं, जो यह तय करेंगे कि मुंबई की सत्ता की चाबी किसके हाथ में जाएगी.

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