BREAKING:
बांग्लादेश में चीन बना रहा ड्रोन, बॉर्डर के पास फैक्ट्रियां, कैसे बन रहा भारत की सुरक्षा के लिए खतरनाक?       Ajit Pawar जिस विमान से यात्रा कर रहे थे, वह कौन-सा था? जानिए Learjet 45 की पूरी डिटेल       'भारत बाज़ी मार ली बाजी', India-EU FTA अमेरिका का तंज, यूरोपीय संघ को लेकर कही ये बड़ी बात       Ajit Pawar Family Tree: बारामती से सत्ता के केंद्र तक, परिवार, राजनीति और बगावत की पूरी कहानी       Ajit Pawar कैसे बने महाराष्ट्र की राजनीति के 'दादा'? विमान दुर्घटना में हुई दर्दनाक मौत       Ajit Pawar Died: अजित पवार का विमान कैसे हुआ दुर्घटनाग्रस्त? प्रत्यक्षदर्शियों ने बताई प्लेन क्रैश की आंखों-देखी कहानी | VIDEO       Ajit Pawar Died: नहीं रहे महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार, विमान दुर्घटना में हुई दर्दनाक मौत | VIDEO       UGC के नए नियमों पर आखिर क्यों मचा है बवाल? सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा मामला, छिड़ गई सामाजिक बहस       अरिजीत सिंह ने प्लेबैक सिंगिंग से लिया ब्रेक, सोशल मीडिया पोस्ट से किया बड़ा ऐलान       Aaj Ka Rashifal 28 January 2025: चंद्रमा के साथ धैर्य और स्थिरता से बदलेगी किस्मत, जानिए सभी 12 राशियों का हाल      

यूपी और बिहार की जनसंख्या सिरदर्दी नहीं... 3 भाषा विवाद पर क्या बोले आंध्र प्रदेश के CM चंद्रबाबू नायडू?

ChandraBabu Naidu On Tamilnadu Language Row: सीएम चंद्रबाबू नायडू विभिन्न मुद्दों पर चर्चा के लिए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात की. ये मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब सीएम स्टालिन लगातार हिंदी भाषा का विरोध कर रहे हैं. बैठक के बाद उन्होंने कहा कि हिंदी सीखना चाहिए.

ChandraBabu Naidu On Tamilnadu Language Row: आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने बिहार और उत्तर प्रदेश की जनसंख्या पर अपनी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश और बिहार की जनसंख्या एक समस्या नहीं बल्कि स्वागत योग्य संकेत है क्योंकि जनसंख्या का लाभ पूरे देश के लिए अच्छा है. नायडू ने ये बातें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह , केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के साथ एक बैठक के बाद कही. 

उन्होंने कहा कि दुनिया भर के कई देश बढ़ती उम्र की आबादी से जूझ रहे हैं. उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि दक्षिणी राज्य भी जनसंख्या वृद्धि को बढ़ावा दें. हालांकि, उन्होंने परिसीमन पर कोई भी कमेंट करने से मना कर दिया. उन्होंने कहा कि अभी तक कोई विधेयक नहीं आया है और वे इस पर टिप्पणी नहीं करेंगे.

बढ़ती जनसंख्या हमारी ताकत है समस्या नहीं

सीएम नायडू ने कहा, 'बढ़ती उम्रदराज आबादी एक मुद्दा है. यूरोप, जापान और चीन में उम्रदराज लोगों की समस्या है. उत्तर भारत, बिहार और उत्तर प्रदेश में जनसंख्या समस्या नहीं बल्कि एक शुभ संकेत है. भारत के पास जनसंख्या की ताकत है. जनसंख्या को बढ़ावा देना महत्वपूर्ण है. हमें पॉपुलेशन मैनेजमेंट की आवश्यकता है.'

तमिलनाडु में तीन भाषा फार्मूले के विरोध को लेकर मौजूदा विवाद पर एक सवाल के जवाब में नायडू ने कहा कि देश में लोगों से घुलने-मिलने के लिए हिंदी सीखना बेहतर है. उन्होंने यह भी कहा कि वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अंग्रेजी को बढ़ावा देना चाहते हैं और उनके राज्य में तेलुगु को मातृभाषा के रूप में बढ़ावा दिया जाता है. उन्होंने कहा कि वह न केवल तीन बल्कि अनेक भाषाएं सीखने का समर्थन करते हैं.

भू माफिया आंध्र प्रदेश की बड़ी समस्या

नायडू ने संवाददाताओं से कहा, 'आज मेरे लिए सबसे बड़ी समस्या भूमि हड़पने से जुड़ी याचिकाएं हैं. यहां तक कि वन भूमि भी हड़पी गई है. हम इससे सख्ती से निपटना चाहते हैं. इसलिए आंध्र प्रदेश भूमि हड़पने के प्रावधान वाला विधेयक पारित किया गया है.' 

उन्होंने कहा कि उन्होंने शाह के साथ राज्य में ड्रग्स का मुकाबला करने के लिए एक विधेयक पर भी चर्चा की, जिसमें उनकी खेती भी शामिल है. उन्होंने जोर देकर कहा कि राज्य में ड्रग्स के प्रति शून्य सहिष्णुता होगी.

नायडू ने कहा, 'हमने पिछली सरकार के दौरान आंध्र प्रदेश के अभूतपूर्व तरीके से हुए विनाश पर चर्चा की है. कर्ज 10 लाख करोड़ रुपये है.' उन्होंने कहा कि सीतारमण के साथ अपनी बैठक के दौरान उन्होंने राज्य में नदियों को आपस में जोड़ने पर चर्चा की ताकि रायलसीमा के सूखाग्रस्त इलाकों को लाभ मिल सके.

NEP को लेकर मोदी सरकार और सीएम स्टालिन के बीच रात

बता दें कि DMK के नेतृत्व वाली तमिलनाडु सरकार NEP 2020 को लेकर केंद्र सरकार का विरोध कर रही है. केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान द्वारा यह संकेत दिए जाने के बाद विवाद शुरू हुआ कि तमिलनाडु को स्कूली शिक्षा के लिए समग्र शिक्षा कार्यक्रम के तहत तब तक धन उपलब्ध नहीं कराया जाएगा जब तक कि वह NEP को लागू नहीं करता और अपने तीन-भाषा नियम को नहीं अपनाता. स्टालिन ने जवाब देते हुए कहा कि तमिल इस तरह के ब्लैकमेल को स्वीकार नहीं करेंगे, उन्होंने पूछा कि किस संवैधानिक प्रावधान ने तीन-भाषा सूत्र को अनिवार्य बनाया है. DMK ने आरोप लगाया है कि यह सूत्र केवल हिंदी थोपने का बहाना है.

ये भी देखिए: सुनो भोले के भक्तों! केदारनाथ दर्शन हुआ आसान, 36 मिनट में तय कर सकेंगे 8-9 घंटे का रास्ता