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मकर संक्रांति 2025 14 या 15 जनवरी को है? जानिए किस राज्य में कन नामों से जाना जाता है ये त्योहार

Makar Sankranti 2025: मकर संक्रांति एक प्राचीन हिंदू त्योहार है जो सूर्य के मकर राशि में संक्रमण का प्रतीक है. इसे कई जगहों पर खिचड़ी भी कहा जाता है. 

Makar Sankranti 2025: मकर संक्रांति को लेकर देश भर में उत्साह का माहौल रहता है. ये सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने का प्रतीक है, जिसे संस्कृत में मकर के रूप में जाना जाता है. ये पारंपरिक त्यौहार फसल की कटाई, पतंगबाजी और सांस्कृतिक उत्सवों से भी जुड़ा हुआ है. यह सूर्य के उत्तर की ओर बढ़ने के साथ ही लंबे दिनों की शुरुआत के तौर पर भी जाना जाता है, जिसे उत्तरायण कहते हैं. 

भारत के अलग-अलग राज्यों में इस त्यौहार को अलग-अलग नामों से जैसे उत्तर प्रदेश और बिहार - झारखंड में इसे मकर संक्रांति, तमिलनाडु में पोंगल, गुजरात और राजस्थान में उत्तरायण, हरियाणा और पंजाब में माघी और महाराष्ट्र, गोवा, आंध्र प्रदेश, पश्चिम बंगाल, कर्नाटक और तेलंगाना में पौष संक्रांति जाना जाता है, इन क्षेत्रों में इस त्यौहार का अलग-अलग अर्थ है. 

कब है मकर संक्रांति 2025?

साल का पहला त्यौहार जनवरी के दूसरे सप्ताह में मनाया जाएगा और इसे किस दिन मनाया जाएगा, ये प्रसिद्ध हिंदू कैलेंडर द्रिक पंचांग पर आधारित है. पूरे देश में बहुत धूमधाम से मनाया जाने वाला मकर संक्रांति का त्यौहार इस साल मंगलवार, 14 जनवरी को पड़ रहा है.

इसका शुभ मुहूर्त 14 जनवरी को सुबह 9:03 बजे से शाम 5:46 बजे तक 8 घंटे और 43 मिनट तक रहेगा. यह समय पारंपरिक अनुष्ठानों, प्रार्थनाओं और सूर्य देव को अर्घ्य देने के लिए एकदम सही समय है. इस बीच, महापुण्य काल आशीर्वाद का एक केंद्रित घंटा 14 जनवरी को सुबह 9:03 बजे से 10:48 बजे तक रहेगा. बिहार यूपी में खासतौर पर इसके लिए तिल - चावल का उपयोग होता है. 

मकर संक्रांति का आध्यात्मिक महत्व

अपनी खगोलीय कनेक्शन से अलग मकर संक्रांति का भारत के लोगों के लिए गहरा आध्यात्मिक महत्व है. सूर्य का परिवर्तन ज्ञान और आध्यात्मिक जागृति की ओर यात्रा का प्रतीक है. भक्त इस परिवर्तन को नकारात्मकता से छुटकारा पाने, सकारात्मकता और आशीर्वाद लेने के लिए सही समय के तौर पर देखते हैं. 

मकर संक्रांति पर लोकप्रिय खानपान की चीजें 

मकर संक्रांति के शुभ अवसर पर तिल और गुड़ से बने स्वादिष्ट डिश बनाया जाता है. भारत के दक्षिणी राज्यों - खासकर तमिलनाडु में मकर संक्रांति को पोंगल के रूप में मनाया जाता है. इस त्यौहार का सबसे महत्वपूर्ण व्यंजन पोंगल है, जो नए कटे चावल, दाल और गुड़ से बनाया जाता है.

महाराष्ट्र में 'पूरन पोली' मकर संक्रांति से जुड़ा एक लोकप्रिय डिश है. यह एक मीठी रोटी है, जिसमें मीठे और कुरकुरे मूंग का स्वादिष्ट मिश्रण भरा होता है. इस आमतौर नाश्ते में परोसा जाता है.

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